उद्यमी माइकल सायलर, माइक्रोस्ट्रैटेजी के संस्थापक, ने बिटकॉइन की अस्थिरता (volatility) को इसकी सबसे बड़ी ताकत बताया है, न कि कमजोरी। उनका मानना है कि कीमत में उतार-चढ़ाव ने आम निवेशकों के लिए क्रिप्टोकरेंसी मार्केट में भाग लेने के अवसर पैदा किए हैं। यदि बिटकॉइन स्थिर रिटर्न देता, तो यह क्रिप्टोकरेंसी केवल बड़े निवेशकों जैसे वॉरेन बफेट, बर्कशायर हैथवे के CEO के लिए ही सीमित रह जाती। सायलर अक्टूबर में $126,198 के नए रिकॉर्ड को सीधे इस अस्थिरता का परिणाम मानते हैं।
सायलर बिटकॉइन की अस्थिरता को "सतोशी नाकामोटो से विश्वासियों को दिया गया एक उपहार" बताते हैं, जो इस मुद्रा के गुमनाम निर्माता हैं। इस विशेषता ने निवेशकों, विश्लेषकों और पत्रकारों को प्रतिस्पर्धी माहौल में खुद को स्थापित करने और लाभ कमाने की अनुमति दी है। उनका कहना है कि अगर बिटकॉइन 2% मासिक वृद्धि की गारंटी देता, तो पूर्वानुमान में कोई दिलचस्पी नहीं होती और बाजार पूरी तरह से पारंपरिक वित्तीय खिलाड़ियों के नियंत्रण में होता।
सायलर निवेशकों को सलाह देते हैं कि बिटकॉइन खरीदते समय धैर्य रखें, कम से कम चार साल, बेहतर तो दस साल तक। जो लोग लंबी अवधि के निवेश के लिए तैयार नहीं हैं, उनके लिए वह डिजिटल क्रेडिट इंस्ट्रूमेंट्स रखने की सलाह देते हैं। उन्होंने पहले यह भी कहा था कि बिटकॉइन ब्लॉकचेन लंबे समय तक पावर आउटेज के बाद भी “स्लीप मोड” में जाकर अपनी कार्यक्षमता बहाल कर सकता है।